भोपाल राजधानी के कस्तूरबा नगर में गोस्वामी परिवार 28 घंटे से ज्यादा समय से 80 फीट ऊंची पानी की टंकी पर डटा है। पिता की जिद की वजह से शनिवार को रातभर 10 डिग्री सेल्सियस के बीच कड़ाके की ठंड में बच्चे ठिठुरते रहे। पुलिस ने गर्म कपड़े देने की बात कही, लेकिन उन्होंने मना कर दिया। अब अफसरों ने टंकी परिसर में ही दो तंबू गाड़ लिए हैं। तंबू के नीचे ही भोपाल, रायसेन की पुलिस और राजस्व अधकारी बैठे हैं। परिवार ऊपर से कह रहा है कि जब तक न्याय नहीं मिलेगा, तब तक नहीं उतरेगा। मौके पर फायर ब्रिगेड और एम्बुलेंस भी मौजूद है।
रायसेन के रहने वाले रितेश गोस्वामी (40) पत्नी सीमा और तीन बच्चों के साथ शनिवार दोपहर करीब 3 बजे कस्तूरबा नगर में पानी की टंकी पर चढ़ गए। 80 फीट ऊंची इस पानी की टंकी पर रीतेश के साथ उनकी पत्नी और तीन बच्चे हैं। उनका कहना है कि हमें पुलिस और प्रशासन से आश्वासन ही मिला है, कार्रवाई नहीं की गई। बता दें कि 11 दिसंबर को रितेश अपने परिवार के साथ इसी टंकी पर चढ़ा था। वह 24 घंटे के बाद उतरा था। इसके बाद गोविंदपुरा पुलिस ने रितेश के खिलाफ बच्चों की जान जोखिम में डालने का केस दर्ज किया था।
कुत्तों को पकड़ने वाला जाल बिछाया
पुलिस ने नगर निगम, एसडीआरएफ को भी घटना की जानकारी दी थी। मौके पर दोनों विभाग के लिए कर्मचारी पहुंचे। परिवार ऊपर से नहीं कूदे इसके लिए जाल बिछाने की योजना बनाई गई, लेकिन नगर निगम, एसडीआरएफ के पास जाल ही नहीं था। बाद में कुत्तों को पकड़ने वाले जाल को जोड़ा गया। जो टंकी के आधे हिस्से को भी कवर नहीं कर सका।
जमीन पर कब्जा, हमले का आरोप
रितेश का कहना है कि भोजपुर में उसकी करीब दो एकड़ जमीन पर धनंजय सिंह चौहान नाम के व्यक्ति ने कब्जा कर लिया है। उसने रायसेन के अधिकारियों को अवगत कराया, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। उल्टे उसपर केस दर्ज कर दिए गए। पुलिस अधिकारी गाली-गलौज करते हैं। टंकी में चढ़े रितेश ने रायसेन एसडीओपी मलकीत सिंह पर आरोप लगाया कि वह ही उनकी जमीन पर कब्जा कराते हैं। जमीन पर कब्जा करने वाले चौहान ने उस पर हमला भी किया। बेटी के साथ हरकत की। पुलिस ने 11 दिसंबर को आश्वासन दिया था कि चौहान के खिलाफ कार्रवाई करेंगे, लेकिन कुछ नहीं हुआ।
भोपाल में तीसरी बार टंकी में चढ़ा
रितेश भोपाल में तीसरी बार पानी की टंकी पर चढ़ा है। इससे पहले 11 दिसंबर को वह इसी टंकी पर चढ़ा था। इससे तीन महीने पहले मिसरोद डी-मार्ट के पास पानी की टंकी पर चढ़ चुके हैं। भोपाल, रायसेन में वह सात बार ऐसा कर चुके हैं।
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