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शिवपुरी :पुलिस ने महिला चोर गिरोह पकड़ा

 

                                                             बैंक में खड़ीं दोनों महिला चोर।

शिवपुरी जिला मुख्यालय सहित कोलारस में बैंक में आए ग्राहकाें काे निशाना बनाते हुए चोरी की दो बड़ी वारदातों को अंजाम दिया गया। महिलाओं ने पहले शिवपुरी में और फिर कोलारस में चोरी की वारदात को अंजाम दिया। दोनों वारदातों में डेढ़ लाख की चोरी की गई है। इसमें पुलिस ने दो महिलाओं को पकड़ लिया है।

गिरोह की महिला सदस्यों ने सबसे पहले शिवपुरी के गुरुद्वारा चौक स्थित एसबीआई बैंक के बाहर वारदात को अंजाम दिया। यहां खड़ी एक लड़की के बैग को पहले ब्लेड से काटा फिर 50 हजार रुपए निकालकर फरार हो गए। पता चलने पर पीड़िता ने कोतवाली में मामले की शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस इस मामले की पड़ताल में लगी ही थी कि कोलारस बैंक में चोरी की वारदात को अंजाम देने के बाद जो महिला पकड़ी गईं, वह महिलाएं शिवपुरी में भी सीसीटीवी कैमरे में वारदात को अंजाम देती कैद हुई हैं।


                                    चोरी की वारदात के बाद बैंक के बाहर लगी लोगों की भीड़।

कोलारस बैंक में ग्राहक बनकर आईं महिलाएं

बैंक गार्ड शिववीर सिंह के अनुसार गुरुवार दोपहर कोलारस एसबीआई बैंक में दो महिलाएं आईं और बैंक में यहां से वहां घूमती रहीं। कभी वह कैश काउंटर पर जा रही थीं तो कभी काउंटर नंबर तीन पर। गार्ड के अनुसार उसे महिलाएं कुछ असमंजस में लगीं तो उसने महिलाओं से पूछा - वह यहां से वहां क्यों चक्कर काट रही हैं। इस पर एक महिला ने बताया कि उसे पैसे जमा करना है, उसके हाथ में पैसे और बाउचर भी थे।

बैंक में बेहटा निवासी किसान इंद्रपाल सिंह भी पैसे निकालने आया था। किसान ने बैंक से एक लाख 10 हजार रुपए निकाले और काउंटर नंबर तीन पर खड़ा हो गया, तभी पीछे से महिलाओं ने आकर उसे कवर कर लिया तथा ब्लेड से उसका थैला काट कर 500 के नोट की दो गड्डियां चुरा लीं। चोरी की वारदात को अंजाम देने के बाद महिलाएं बैंक से चली गईं। इसी दौरान किसान को थैला काटने और रुपए चोरी होने का एहसास हुआ तो उसने गार्ड को इसकी जानकारी दी। गार्ड को संदेह हुआ कि उक्त चोरी उन्हीं महिलाओं ने की है। गार्ड भाग कर गया और दोनों महिलाओं को पकड़ कर बैंक ले आया। गार्ड ने बताया कि जब महिलाओं को लगा कि अब वह पकड़ में आ गईं हैं तो उन्होंने नोटों की गड्डियां बैंक की शटर के यहां फेंक दीं।

किसी को फोन लगाकर बुलाया भी

महिलओं के साथ कोई अन्य व्यक्ति भी था, जो संभवतः बैंक के बाहर खड़ा हुआ था। गार्ड के अनुसार जब उसने महिलओं से मदद करने की बात कही थी तो महिलाओं ने किसी को फोन लगाकर बुलाया भी था, हालांकि पकड़े जाने के बाद महिलाएं खुद पर फोन होने की बात से इंकार करती नजर आईं। बताया जा रहा है कि पुलिस ने बाद में उनसे मोबाइल फोन भी बरामद कर लिया।

पिछोर की वारदात में भी संदिग्ध

बैंक में चोरी करती पकड़ी गई महिलाओं का गिरोह कुछ दिन पूर्व पिछोर में बैंक से एक युवती का बैग काट कर पैसे चोरी करने की वारदात को अंजाम देने में भी संदिग्ध है। पुलिस ने पिछोर वाली वारदात की पीड़िता को पहचान के लिए बुलवाया है।

कोलारस टीआई आलोक भदौरिया का कहना है कि फिलहाल महिलाएं अपनी सही पहचान नहीं बता रही हैं। उनसे पूछताछ जारी है, महिलाओं के साथ कोई और भी था या नहीं, यह जांच के दौरान सामने आएगा।

कोतवाली टीआई सुनील खेमरिया का कहना है कि गुरुद्वारा बैंक से चोरी की वारदात को उन्हीं महिलाओं ने अंजाम दिया है, जिन्होंने कोलारस की घटना को अंजाम दिया। महिलाओं से चोरी के पैसे अभी नहीं मिले हैं। उनका कहना है पैसे हमने हमारे साथ की एक दूसरी लड़की को दे दिए हैं।

पिछोर टीआई गब्बर सिंह गुर्जर का कहना है कि मैंने मामले की फरियादी को वाहन से भेजा है, ताकि वह महिलाओं को देखकर उनकी शिनाख्त कर सके।


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