भोपाल राज्य सरकार ने हाल ही में दो साल बाद कर्मचारियों को इंक्रीमेंट का एरियर दिया है, लेकिन यह फायदा 1 से 30 जून के बीच रिटायर होने वाले कर्मचारियों को नहीं मिल पाएगा, क्योंकि प्रदेश में यह नियम है कि जो सरकारी कर्मचारी 1 जुलाई को सेवा में है, सिर्फ उन्हें इंक्रीमेंट दिया जाएगा, 30 जून वाले को नहीं।
सेवा शर्तों के नियमों में इस विसंगति के कारण कर्मचारियों को पेंशन में हर महीने 1000 से 5000 रु. तक का नुकसान होता है, क्योंकि अंतिम इंक्रीमेंट की राशि पेंशन फिक्स होने के कारण मूल वेतन में जुड़ती है। इसी आधार पर रिटायरमेंट के बाद लाभ मिलते हैं।
लेकिन हर साल ऐसे लगभग 5 हजार कर्मचारी होते हैं, जिन्हें रिटायरमेंट के वक्त इस विसंगति के कारण वेतन वृद्धि का लाभ नहीं मिल पाता। सामान्य प्रशासन विभाग के अपर मुख्य सचिव विनोद कुमार के मुताबिक इस पर वित्त विभाग फैसला लेगा। सामान्य प्रशासन का हस्तक्षेप नहीं है।
ऐसे समझें... घंटों के अंतर में कैसे हाथ से निकल रहा इंक्रीमेंट
दरअसल, सरकार के सामान्य सेवा शर्त नियमों के अनुसार इंक्रीमेंट की पात्रता 1 जुलाई को सेवा में रहने वाले कर्मचारी को ही है। यदि कर्मचारी 30 जून को शाम 5:30 बजे अंतिम वर्किंग में रिटायर होता है तो उसे इंक्रीमेंट की पात्रता के लिए सिर्फ 6:30 घंटे कम पड़ते हैं। इसके बाद अगली तारीख शुरू हो जाती है।
हाईकोर्ट ने कहा था- सालभर नौकरी करने वाला भी पात्र
सेवा शर्तों की इस खामी के खिलाफ हाईकोर्ट भी फैसला दे चुका है। याचिका क्रमांक 18030/2019 के खिलाफ सरकार ने डबल बेंच में 363/20 याचिका लगाई थी। तब कोर्ट ने 6 मार्च 2020 को सरकार की अपील यह कहते हुए खारिज कर दी थी कि जो कर्मचारी सालभर नौकरी करता है, वह इंक्रीमेंट का पात्र है। इसलिए 30 जून को रिटायर होने वाले को भी वेतन वृद्धि मिलना चाहिए।
पेंच... वे नियम, जिनसे कई कर्मियों को लाभ नहीं मिलता
1. सेवा शर्तों के तहत अनुकंपा नियुक्ति के मामलों में नियम है कि अविवाहित या विवाहित पुत्र है तो विवाहित पुत्री को अनुकंपा नौकरी नहीं मिल सकती। हालांकि हाईकोर्ट इसे लैंगिक भेदभाव मानते हुए असंवैधानिक बता चुका है।
2. सेवा की सामान्य शर्तें 1961 में प्रावधान है कि प्रतियोगिता परीक्षा से चयनित कर्मचारियों को ज्वाइनिंग की तारीख से परिवीक्षा अवधि प्रारंभ होगी। मंत्रालय में दो साल पहले सेवा में आए स्टेनोटायपिस्ट, स्टेनोग्राफर की दो वर्ष बाद भी परिवीक्षा अवधि शुरू नहीं हो सकी है। इसका असर इन कर्मचारियों की आगे की सेवा पर पड़ेगा।
0 टिप्पणियाँ