शहर में पहली बार रोजगार कंपनियां ने युवाओं को वर्क फ्रॉम होम का ऑफर देकर रोजगार देने का अवसर दिया। 294 युवाओं ने विभिन्न पदों के लिए साक्षात्कार दिए, जिनमें से 54 को ऑफर लेटर भी दिए गए। खास बात है कि बीई और बीटेक जैसे उच्च शिक्षा प्राप्त भी युवा रोजगार हासिल करने के लिए मेले में आए जिसमें उन्होंने कंपनी को तर्क दिया कि उन्हें ₹15000 मासिक की नौकरी मिले तो वह ऑपरेटर जॉब करने भी तैयार है।
दरअसल जिला रोजगार कार्यालय और रेडिएंट आईटीआई द्वारा संयुक्त रुप से कक्षा 12 पास युवाओं के लिए रोजगार मेले का आयोजन किया गया था ।जिसमें साक्षात्कार देने के लिए युवाओं की भीड़ महल रोड स्थित रेडिएंट कॉलेज में उमरी इस रोजगार मेले के दौरान युवाओं के कंपनी संचालकों द्वारा ऑनलाइन साक्षात्कार लिए गए। जिसमें जिनकी इंग्लिश स्पीकिंग बेहतर थी या पर्सनालिटी बिहेवियर जिनका उच्च था उनका चयन इन कंपनियों के लिए किया गया। शिवपुरी, नरवर और आसपास के युवाओं ने इस रोजगार मेले में शामिल होकर अपने रिज्यूम दिए और फिर साक्षात्कार के दौरान पूछे गए सवालों के जवाब के आधार पर 54 युवाओं का चयन विभिन्न कंपनियों के लिए हुआ।
रोजगार छिना इसलिए बीई-बीटेक किए युवा भी साक्षात्कार देने पहुंचे
रेडिएंट कॉलेज संचालक शाहिद खान और जिला रोजगार अधिकारी स्वप्निल श्रीवास्तव ने संयुक्त रूप से बताया कि इस रोजगार मेले में रोजगार हासिल करने के लिए युवाओं में इतनी ललक थी कि बीटेक और बीई बॉस युवाओं ने भी रोजगार मेले में आकर अपनी किस्मत को एकदम आया कंपनी ने 9 से ₹15000 मासिक का ऑफर ऑपरेटर पद के लिए दिया था और इस पद के लिए भी इंजीनियर युवाओं को साक्षात्कार देते देखा गया। रोजगार मेले में अशोक चंदेल, बीटेक निवासी कृष्ण पुरम, चंदन तोमर निवासी नरवर बी इलेक्ट्रॉनिक्स, प्रशांत गुप्ता नरवर डिप्लोमा इलेक्ट्रिकल और बीटेक किए युवा भी शामिल थे। कुल मिलाकर पहली बार शहर में वर्क फ्रॉम होम के लिए जॉब देने कंपनी आई जिनके लिए युवाओं में खासा रुझान देखा गया खासकर युक्ति अभी वर्क फ्रॉम होम करने में अपनी रुचि प्रदर्शित करते नजर आई।
पहली बार कंपनियों ने वर्क फ्रॉम होम के लिए युवाओं को किया ऑफर
पहली बार रोजगार मेले में वह कंपनियां शामिल हुई जिन्होंने वर्क फ्रॉम होम का ऑफर दिया। युवाओं के साथ युवतियों ने इसे बेहद पसंद किया। कुछ युवाओं का इसमें चयन भी हुआ है। शहर के दृष्टिकोण से यह रोजगार मेला युवाओं के लिए बेहद प्रभावी रहा। -शाहिद खान, संचालक रेडिएंट कॉलेज शिवपुरी

0 टिप्पणियाँ