कोलारस (शिवपुरी):
कलेक्टर अर्पित वर्मा की सख्ती के बाद कोलारस अनुभाग में शासकीय योजनाओं और राजस्व कार्यों में लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों पर गाज गिरना शुरू हो गई है। शासकीय प्राथमिकताओं और आमजन से जुड़ी महत्वपूर्ण योजनाओं के निष्पादन में ढिलाई बरतने पर कोलारस एसडीएम शिवदयाल धाकड़ ने अनुभाग के 15 पटवारियों को कारण बताओ नोटिस (Show Cause Notice) जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है। प्रशासन की इस अचानक हुई कार्रवाई से राजस्व महकमे में हड़कंप मच गया है।
इन महत्वपूर्ण कार्यों में बरती जा रही थी उदासीनता
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, राजस्व विभाग के तहत संचालित स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन योजना-2026, ई-केवाईसी (e-KYC), फार्मर रजिस्ट्री (Farmer Registry), सीएम हेल्पलाइन प्रकरणों के निराकरण और राजस्व वसूली जैसे अति-महत्वपूर्ण कार्यों में ये पटवारी लगातार उदासीनता बरत रहे थे। निर्धारित समय-सीमा बीत जाने के बाद भी कार्यों में अपेक्षित प्रगति न मिलने को प्रशासनिक अधिकारियों ने बेहद गंभीरता से लिया और नोटिस जारी करने के कड़े कदम उठाए।
नोटिस की ज़द में आए ये 15 पटवारी:
एसडीएम कोलारस द्वारा जिन 15 पटवारियों को नोटिस थमाया गया है, उनमें शामिल हैं:
1. जितेन्द्र दांगी
2. विक्रम धाकड़
3. भूपेन्द्र रावत
4. अभिषेक सोनवंशी
5. गोविन्द शर्मा
6. विकास बंसल
7. धर्मेन्द्र किरार
8. कु. भगवती रावत
9. दीपक यादव
10. श्रीमती सृष्टि धाकड़
11. हर्ष ओझा
12. अजय गुप्ता
13. सुश्री मनीषा लोधी
14. अतिवीर जैन
15. चंचल रघुवंशी
संतोषजनक जवाब नहीं मिला तो एमपी सिविल सेवा नियमों के तहत होगी कार्रवाई
एसडीएम शिवदयाल धाकड़ ने स्पष्ट किया है कि शासकीय कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही या कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी संबंधित पटवारियों से तय समय-सीमा में जवाब मांगा गया है। यदि किसी भी पटवारी का जवाब संतोषजनक नहीं पाया जाता है, तो उनके खिलाफ मध्यप्रदेश सिविल सेवा (आचरण) नियमों के अंतर्गत कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन के इस कड़े रुख का मुख्य उद्देश्य सरकारी योजनाओं का शत-प्रतिशत क्रियान्वयन सुनिश्चित करना, राजस्व कार्यों को गति देना और आम जनता की समस्याओं का समयबद्ध निराकरण करना है।

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